Category: इंकार शायरी

इंकार शायरी हिंदी में – कभी खुलता ही नहीं

कभी खुलता ही नहीं साफ़ कुछ इक़रार इनकार होते है
उनकी हर बात में पहलू दोनों है

इंकार शायरी हिंदी में – दीवाने है तेरे नाम के

दीवाने है तेरे नाम के
इस बात से इंकार नहीं
कैसे कहे कि तुमसे प्‍यार नही
कुछ तो कसूर है आपकी आखों का हम अकेले तो गुनहगार नहीं

इंकार शायरी हिंदी में – डरता हूँ इक़रार से कहीं

डरता हूँ इक़रार से कहीं वो इनकार न कर दे,
यूँ ही तबाह अपनी जिंदगी हम यार न कर दे.

इंकार शायरी हिंदी में – वो शख्स जिसकी आँखों में

वो शख्स जिसकी आँखों में इंकार के सिवा कुछ भी नही,
ना जाने क्यों उसकी आँखों पे जिंदगी लुटाने को जी चाहता है।।

इंकार शायरी हिंदी में – ऐ सनम कभी प्यार मत

ऐ सनम कभी प्यार मत करना,
हो जाये तो इंकार मत करना,
निभा सको तो निभा देना,
लेकिन किसी की जिंदगी बरबाद मत करना !

इंकार शायरी हिंदी में – तुम्हारे लबों पे इकरार है…

तुम्हारे लबों पे इकरार है…
मेरे लबों पे इनकार है…
यहीं तो सब निशानियाँ है…
शायद इसी का नाम प्यार है…

इंकार शायरी हिंदी में – उसको चाहा पर इज़हार करना

उसको चाहा पर इज़हार करना नहीं आया;
कट गई उम्र हमें प्यार करना नहीं आया;
उसने कुछ माँगा भी तो मांगी जुदाई;
और हमें इंकार करना नहीं आया।