Category: हुस्न शायरी

हुस्न शायरी हिंदी में – हुस्न हर बार शरारत में

हुस्न हर बार शरारत में पहल करता है,
बात बढती है तोह इश्क के सर आती है…

हुस्न शायरी हिंदी में – इश्क पे मुकदमा कर के

इश्क पे मुकदमा कर के क्या मिल जायेगा,
जनाब-ऐ-हुस्न को पकड़ो, जो फसाद की जड़ है !!

हुस्न शायरी हिंदी में – कई सदियों में आती है

कई सदियों में आती है कोई सूरत हसीन इतनी
हुस्न पर हर रोज कहाँ ऐसे शबाब आते है
रोशनी के वास्ते तो उनका नूर ही काफी है
उनके दीदार को आफताब और महताब आते है

हुस्न शायरी हिंदी में – झुकी नज़रों में क़यामत का

झुकी नज़रों में क़यामत का असर होता है
हुस्न कुछ और निखर जाता है शर्माने से

हुस्न शायरी हिंदी में – लोग समझते हैं के मैं

लोग समझते हैं के मैं तुम्हारे हुस्न पर मरता हूँ..
अगर तुम भी यही समझते हो तो सुनो..
जब हुस्न खो दो तब लौट आना…