आरज़ू शायरी हिंदी में – साक़ी मुझे भी चाहिए ….

साक़ी मुझे भी चाहिए …. इक जाम-ए-आरज़ू ….
कितने लगेंगे दाम …. ज़रा आँख तो मिला…!!



आरज़ू शायरी हिंदी में – आज ..खुद को तुझमे डुबोने

आज ..खुद को तुझमे डुबोने की आरज़ू है।
क़यामत तक सिर्फ तेरा होने की आरज़ू है।
किसने कहा गले से लगा ले मुझको, मग़र
तेरी गोद में सर रखकर सोने की आरज़ू है।

आरज़ू शायरी हिंदी में – न किसी के दिल की

न किसी के दिल की हूँ आरज़ू
न किसी नज़र की हूँ जुस्तजू
मैं वो फूल हूँ जो उदास हो
न बहार आए तो क्या करूँ



आरज़ू शायरी हिंदी में – साँस रूक जाये भला ही

साँस रूक जाये भला ही तेरा इन्तज़ार करते-करते
तेरे दीदार की आरज़ू हरगिज कम ना होगी