माँ शायरी हिंदी में – माँ के आँचल से जो

माँ के आँचल से जो लिपटी तो घुमड़कर बरसी
मेरी पलकों में जो इक पीर पली मीलों तक



माँ शायरी हिंदी में – माँ ने आखरी रोटी भी

माँ ने आखरी रोटी भी मेरी थाली में परोस दी
जानें क्यों फिर भी मंदिर में भगवान ढूढ़ता हूँ मैं
माँ के दिल जैसा दूनियाँ में कोई दिल नहीं



माँ शायरी हिंदी में – वह ख्वाब को भी सच

वह ख्वाब को भी सच कर जाती है,
रोते हुए को हँसा जाती है।
खुद की रोटी छोड़ मेरी भूख मिटाती है,
तभी माँ भगवान से बड़ीहो जाती है।