सफ़र शायरी हिंदी में – वापसी का सफर अब मुमकिन

वापसी का सफर अब मुमकिन नही,
हम तो निकल पड़े आँख से आँसू की तरह!



सफ़र शायरी हिंदी में – बेशक हिस्सा बराबर है सफर

बेशक हिस्सा बराबर है सफर ए इश्क में अपना..
कुछ हो ना सकी मोहब्बत तुमसे ….कुछ आया नहीं हमको भी .. नफरतें करना….